सितारगंज के निकट स्थित नए गांव में पीलिया का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। क्षेत्र के कई लोग इस बीमारी की चपेट में हैं, जिससे ग्रामीणों में चिंता का माहौल है। मामले को लेकर पूर्व विधायक नारायण पाल ने स्वास्थ्य विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अनशन पर बैठने की चेतावनी दी। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया और पूरी मेडिकल टीम गांव पहुंच गई स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नए गांव में पहुंचकर ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण शुरू किया। चिकित्सा अधिकारी डॉ. कुलदीप यादव ने बताया कि गांव से पानी के सैंपल लिए गए थे, जिनकी जांच रिपोर्ट में कॉलीफॉर्म बैक्टीरिया की पुष्टि हुई है डॉ. यादव के अनुसार यह बैक्टीरिया मुख्य रूप से मनुष्य और जानवरों के पाचन तंत्र तथा मल-मूत्र में पाया जाता है। यदि यह दूषित पानी या भोजन के माध्यम से शरीर में पहुंच जाए तो पेट में गंभीर संक्रमण फैल सकता है, जिससे पीलिया सहित कई गंभीर बीमारियां होने का खतरा रहता है स्वास्थ्य विभाग ने प्रभावित क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है और लोगों से उबला हुआ या स्वच्छ पानी पीने, साफ-सफाई बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार के लक्षण दिखाई देने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करने की अपील की है।
