सितारगंज:(अश्वनी दीक्षित) क्षेत्र में साइबर अपराधियों के हौसले इस कदर बुलंद हो चुके हैं कि अब वे आम लोगों की जीवनभर की जमा पूंजी पर खुलेआम डाका डाल रहे हैं। ताजा मामला वार्ड नंबर 10 बीएड कॉलेज रोड बलिनगर निवासी अली पुत्र अली हसन का है, जिनके बैंक ऑफ बड़ौदा स्थित खाते से महज कुछ ही मिनटों में 1,99,998 रुपये की भारी रकम पार कर दी गई। पीड़ित के अनुसार उसके खाते में कुल 5,09,648.82 रुपये जमा थे, तभी 15 अप्रैल को उसके मोबाइल पर लगातार संदिग्ध मैसेज आने लगे, जिन्हें पहले तो सामान्य समझा गया, लेकिन जब शक गहराया तो 16 अप्रैल को वह बैंक पहुंचा। वहां खाते की जांच करवाई गई तो एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे सामने आए—15 अप्रैल को दोपहर 2:53 बजे से 3:07 बजे के बीच अलग-अलग ट्रांजेक्शन में 50,000, 19,999.76, 19,999.45, 4,998.81 और 5,000 रुपये निकाले गए, जबकि अगले ही दिन 16 अप्रैल को दोबारा 3 बजे के आसपास 49,999.99 और 50,000 रुपये की रकम भी पार कर ली गई। इस सुनियोजित ठगी से कुल मिलाकर लगभग दो लाख रुपये गायब हो गए। घटना के बाद पीड़ित के पैरों तले जमीन खिसक गई और उसने तत्काल कोतवाली सितारगंज में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है और साइबर सेल की मदद से ठगों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है। लगातार बढ़ती साइबर ठगी की घटनाओं ने क्षेत्र में भय और चिंता का माहौल बना दिया है, वहीं पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान कॉल, लिंक या मैसेज पर भरोसा न करें और बैंकिंग संबंधी जानकारी किसी से साझा न करें, अन्यथा वे भी इस तरह की ठगी का शिकार हो सकते हैं।

