
हल्द्वानी के चर्चित बनभूलपुरा रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में सुप्रीम कोर्ट ने महत्वपूर्ण आदेश जारी करते हुए पुनर्वास प्रक्रिया को लेकर स्पष्ट निर्देश दिए हैं। शीर्ष अदालत ने कहा है कि हल्द्वानी रेलवे स्टेशन और उसके आसपास स्थित रेलवे व सरकारी भूमि पर वर्षों से बने अवैध कब्जों के मामले में प्रभावित परिवारों की पात्रता तय कर उन्हें पुनर्वास योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू की जाए। साथ ही अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई 28 अप्रैल 2026 को निर्धारित की है। मुख्य न्यायाधीश Surya Kant और न्यायमूर्ति Joymalya Bagchi की पीठ ने 24 फरवरी को हुई सुनवाई के बाद आज जारी आदेश में कहा कि हल्द्वानी रेलवे स्टेशन के आसपास लगभग 30 हेक्टेयर से अधिक सार्वजनिक भूमि पर वर्षों से अतिक्रमण है, जहां करीब 4,365 मकान बने हुए हैं और 50 हजार से अधिक लोग निवास कर रहे हैं। अदालत ने कहा कि रेलवे परियोजना के लिए भूमि की आवश्यकता को देखते हुए इस स्थिति को अनिश्चितकाल तक जारी नहीं रहने दिया जा सकता।











