Spread the love


रुद्रपुर। जनपद में अवैध असलाह तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एसओजी रुद्रपुर को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस मुठभेड़ के बाद कुख्यात असलाह सप्लायर बंटी कोली को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि उसका एक साथी मनोज कुमार भी अवैध तमंचे और कारतूस के साथ पकड़ा गया। मुठभेड़ के दौरान बंटी कोली के पैर में गोली लगने से वह घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए जिला चिकित्सालय रुद्रपुर में भर्ती कराया गया है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ऊधम सिंह नगर अजय गणपति के निर्देशन में जनपद में अवैध हथियारों की बरामदगी और तस्करी पर रोक लगाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक नगर, पुलिस अधीक्षक अपराध और सीओ ऑपरेशन के पर्यवेक्षण में एसओजी टीम द्वारा कई दिनों से अवैध असलाह तस्करों के खिलाफ सुरागरसी और पतारसी की जा रही थी।
दिनांक 15 मार्च 2026 को एसओजी टीम सिडकुल क्षेत्र में गश्त पर थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि हाल ही में रुद्रपुर क्षेत्र में जिन बदमाशों को पुलिस और एसटीएफ द्वारा अवैध तमंचों के साथ गिरफ्तार किया गया था, उन्हें हथियार बंटी कोली नामक बदमाश द्वारा सप्लाई किए गए थे। सूचना के अनुसार बंटी कोली अपने एक साथी के साथ अवैध हथियारों की डिलीवरी देने के लिए मोदी मैदान के पास आने वाला है और उसके पास भारी मात्रा में अवैध असलाह हो सकते हैं।सूचना को गंभीरता से लेते हुए एसओजी टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही बंटी कोली ने पुलिस टीम पर चार राउंड फायर कर दिए। जवाबी कार्रवाई में पुलिस टीम ने भी चार राउंड फायर किए, जिसमें बंटी कोली के बाएं पैर में घुटने के नीचे गोली लग गई। इसके बाद पुलिस ने मौके से बंटी कोली और उसके साथी मनोज कुमार को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से सात तमंचे 315 बोर, एक तमंचा 12 बोर, एक पिस्टल 30 बोर, कुल 26 जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस, एक मोटरसाइकिल तथा करीब सात हजार रुपये की नगदी बरामद की गई है। मनोज कुमार के पास से भी एक तमंचा 315 बोर और दस कारतूस बरामद हुए हैं।पुलिस के अनुसार बंटी कोली पुत्र महावीर कोली निवासी वार्ड नंबर 23, रमपुरा रुद्रपुर का आपराधिक इतिहास लंबा है। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, मारपीट, धमकी और आर्म्स एक्ट समेत आधा दर्जन से अधिक मुकदमे पहले से दर्ज हैं। वर्ष 2024 में उसे तीन माह के लिए जिला बदर भी किया गया था, लेकिन जिला बदर का उल्लंघन करने पर उसके खिलाफ गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की जा चुकी है। स्पेशल टास्क फोर्स उत्तराखंड को भी उसकी तलाश थी।
पुलिस ने दोनों आरोपितों के खिलाफ पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग करने के मामले में कोतवाली ट्रांजिट कैंप में भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 व 111 तथा आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। कार्रवाई एसओजी टीम द्वारा की गई।

You cannot copy content of this page